अतिक्रमण के नोटिस पर गदरपुर के विधायक पांडे का पलटवार
गदरपुर। पूर्व शिक्षा मंत्री एवं गदरपुर विधायक अरविंद पांडे ने बीते दिनों अतिक्रमण को लेकर प्रशासन के दिए नोटिस का मामला एक बार फिर से गरमा दिया है।
उन्होंने प्रशासन से नोटिस के आधार पर अतिक्रमण हटाकर प्रशासन से कब्जा लेने को लेकर एसडीएम को पत्र भेजा है। उन्होंने कहा कि उनकी मौजूदगी में यह अतिक्रमण हटाया जाए। विधायक का यह पत्र अब सोशल मीडिया में भी वायरल हो रहा है।
विधायक अरविंद पांडे ने एसडीएम को पत्र भेजकर उनकी उपस्थिति में सरकारी भूमि में बने कैंप कार्यालय एवं आवास को अपने कब्जे में लेने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि संतोषनगर वार्ड नंबर तीन गूलरभोज स्थित उनके कैंप कार्यालय और आवास को अतिक्रमण में दर्शाते हुए 19 जनवरी को उनको नोटिस जारी किया गया था। उन्होंने पत्र में कहा है कि अतिक्रमण को चिह्नित कर उनकी मौजूदगी में इसमें प्रशासन कब्जा ले। दरअसल, 19 जनवरी को विधायक अरविंद पांडे के आवास और कार्यालय को सरकारी भूमि में अतिक्रमण कर बनाने का नोटिस चस्पा किया गया था। इस नोटिस की मियाद 4 जनवरी को खत्म हो गई थी।
इसके बाद जब प्रशासन की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई तो अब खुद विधायक अरविंद पांडेय ने शुक्रवार को एसडीएम को पत्र भेजकर उनकी उपस्थिति में सरकारी भूमि में बने कैंप कार्यालय एवं आवास को अपने कब्जे में करने की मांग की है।
वहीं इस मामले को लेकर कई बातें निकाल कर आ रही रहैं । अगर विधायक अरविंद पांडे प्रशासन की नजर में अतिक्रमणकारी है तो प्रशासन ने अब तक अतिक्रमण को अपने कब्जे में क्यों नहीं लिया। अरविंद पांडे अतिक्रमणकारी नहीं है तो किसके इशारों पर उनके कैंप कार्यालय में नोटिस चश्मा किया गया । जिसको लेकर रजनीति गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। विपक्षी दल इसे प्रशासन और सत्ताधारी पक्ष के बीच टकराव का मुद्दा बता रहे हैं।


