ऊधम सिंह नगर में संदिग्ध शस्त्र लाइसेंसों पर पुलिस का बड़ा एक्शन, 94 लाइसेंस कब्जे में, 119 हथियार जमा।

एसएसपी अजय गणपति की बड़ी कार्रवाई: ऊधम सिंह नगर में 108 संदिग्ध शस्त्र लाइसेंस चिन्हित, 94 लाइसेंस जब्त, 119 हथियार थानों में जमा
रुद्रपुर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के अपराध मुक्त देवभूमि के संकल्प को साकार करने की दिशा में ऊधम सिंह नगर पुलिस ने संदिग्ध शस्त्र लाइसेंसों के खिलाफ जनपदव्यापी विशेष अभियान चलाकर बड़ी कार्रवाई की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देशन में गठित तीन विशेष पुलिस टीमों ने बाहरी राज्यों एवं गैर जनपदों से जारी संदिग्ध शस्त्र लाइसेंसों का व्यापक सत्यापन किया, जिसमें अब तक 108 संदिग्ध शस्त्र लाइसेंस चिन्हित किए गए हैं। इनमें से 94 लाइसेंस पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिए हैं, जबकि 119 शस्त्र संबंधित थानों में जमा करा दिए गए हैं।
पुलिस के अनुसार जनपद में कुल 678 शस्त्र लाइसेंस सत्यापन के लिए चिन्हित किए गए थे। अब तक 626 लाइसेंसों का सत्यापन पूरा हो चुका है, जबकि 52 लाइसेंसों का सत्यापन अभी शेष है। सत्यापन के दौरान कई ऐसे लाइसेंस सामने आए, जिनकी वैधानिकता और निर्गमन प्रक्रिया संदिग्ध पाई गई। इन सभी मामलों की गहन जांच की जा रही है।
यह अभियान 11 जून 2026 को कोतवाली कुण्डा में दर्ज एक मुकदमे की विवेचना के दौरान सामने आए तथ्यों के बाद शुरू किया गया। उस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चार अवैध शस्त्र और दो फर्जी शस्त्र लाइसेंस बरामद किए थे। जांच में खुलासा हुआ कि जनपद में बाहरी राज्यों और गैर जनपदों से बनाए गए कई संदिग्ध लाइसेंसों के आधार पर हथियार खरीदे और रखे जा रहे हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी अजय गणपति ने 25 जून 2026 को तीन विशेष पुलिस टीमों का गठन कर पूरे जिले में सत्यापन अभियान शुरू कराया। अभियान के दौरान बाजपुर, गदरपुर, केलाखेड़ा, सितारगंज, नानकमत्ता, जसपुर, कुण्डा, काशीपुर समेत विभिन्न थाना क्षेत्रों में बड़ी संख्या में संदिग्ध लाइसेंसों की पहचान कर उन्हें जब्त किया गया तथा संबंधित हथियार थानों में जमा कराए गए।
एसएसपी अजय गणपति ने कहा कि जनपद में फर्जी, संदिग्ध अथवा नियम विरुद्ध तरीके से प्राप्त किए गए शस्त्र लाइसेंसों के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा। कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।